इनकम टेक्स की समय सिमा : करदाता इस वर्ष के लिए 31 मार्च से पहले अपडेटेड रिटर्न दाखिल कर सकते हैं, विवरण यहाँ देखें

Hetal Chudasma

इनकम टेक्स :  वित्तीय वर्ष 2021-22 के लिए अद्यतन आयकर रिटर्न दाखिल करने की अंतिम तिथि 31 मार्च, 2025 है.

जो करदाता अपने पिछले दो वर्षों के आयकर रिटर्न को अपडेट नहीं किया है ,वो सभी 31 मार्च से पहले अपडेटेड रिटर्न दाखिल कर सकते हैं.  लेकिन यह संबंधित कर निर्धारण वर्ष की समाप्ति के दो साल के भीतर किया जाना चाहिए.  हालांकि आप अपडेटेड रिटर्न कभी भी दाखिल कर सकते हैं.

इसका मतलब यही है कि जिन लोगो ने भी आकलन वर्ष 2022-23 या वित्तीय वर्ष 2021-22 का रिटर्न अपडेट करना बाकि है ,उन्हें 31 मार्च 2025 से पहले अपडेटेड रिटर्न दाखिल करना होगा.

वित्त अधिनियम 2022 में अपडेटेड रिटर्न दाखिल करने का प्रावधान तब पेश किया गया था जब वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने अपडेटेड रिटर्न की सुविधा की घोषणा की थी, जिसमें करदाता गलतियों या चूक को सुधारने के लिए अपडेटेड रिटर्न दाखिल कर सकते हैं. इसे अतिरिक्त कर के भुगतान पर पेश किया गया था.

अपडेटेड रिटर्न शुरू करने के दो मुख्य कारण है ,जिसमे पहला  मुकदमेबाजी से बचना और  दूसरा स्वैच्छिक कराधान को प्रोत्साहित करना. जब इनकम टेक्स डिपार्टमेंट को को कर चोरी का पता चलता है, तो मामला मुकदमेबाजी की प्रक्रिया बहुत ही लंबी चलती है. ऐसा होने से बचने के लिए, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने करदाताओं को अतिरिक्त कर का भुगतान करके अपडेटेड रिटर्न दाखिल करने की अनुमति दी, जिसे वे देय तिथि पर चुकाने से चूक गए थे.

2022 में जब आयकर रिटर्न को लॉन्च किया गया था, तो  तब उसकी अधिकतम समय सीमा 2 साल थी.   जब की बजट 2025 में , इस समय सीमा को बढ़ाकर 48 महीने कर दिया गया.

31 मार्च को कौन सी समय सीमा समाप्त हो रही है?

करदाता किसी भी पिछले वर्ष जैसे वित्त वर्ष 2021-22 और 2022-23 के लिए अद्यतन रिटर्न दाखिल कर सकते हैं, लेकिन वित्त वर्ष 2021-22 के लिए अंतिम तिथि 31 मार्च, 2025 है.

किन परिस्थितियों में करदाता अद्यतन रिटर्न दाखिल कर सकते हैं

इसे किसी भी मामले में कोई भी करदाता कुछ अपवादात्मक परिस्थितियों को छोड़कर दाखिल कर सकता है. अगर कोई व्यक्ति धारा 139(3) के तहत नुकसान का रिटर्न पहले ही प्रासंगिक कर निर्धारण वर्ष के लिए दाखिल कर चुका है, तो भी वह अपडेटेड रिटर्न दाखिल कर सकता है, लेकिन अपडेटेड रिटर्न नुकसान का कर रिटर्न नहीं हो सकता.

अद्यतन रिटर्न कब दाखिल नहीं किया जा सकता?

I. जब कुल आय से कर देयता कम हो जाती है.

II. जब इससे कर वापसी या उच्चतर कर वापसी हो रही हो.

III. जब करदाता के विरुद्ध सर्वेक्षण किया जा चुका हो या तलाशी शुरू की जा चुकी हो.

IV. जब कर विभाग ने दस्तावेज जब्त कर लिए हों या मांग लिए हों.

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